
चुवाड़ी (चंबा)। बढ़ेई फारेस्ट रेस्ट हाउस के चौकीदार की जलने से हुई संदिग्ध मौत की फारेंसिक जांच के लिए आई धर्मशाला की टीम ने मौके का दौरा करके जरूरी साक्ष्य जुटाए हैं। फारेंसिक टीम के डॉ. अजय सहगल एवं डॉ. विजय कुमार ने शुक्रवार को रेस्ट हाउस की चौकीदार हट के कीचन शेड में जांच पड़ताल की। ज्ञात रहे कि चौकीदार किशन चंद पुत्री रूमी राम मलूंडा पंचायत के सपेड़ गांव का रहने वाला था। उसका शव सोमवार को चौकीदार हट की रसोई में जला हुआ मिला था।
उधर डीएसपी रमन शर्मा एवं थाना प्रभारी होशियार सिंह भी मौके पर पहुंचे थे। पुलिस ने इस दौरान कुछ लोगों के बयान भी दर्ज किए हैं। साथ ही मरने वाले के करीबियों एवं रिश्तेदारों से भी पूछताछ की है। इस दौरान ऐसा कोई साक्ष्य नहीं मिला है, जिससे उसकी हत्या या आत्महत्या करने को लेकर किसी निर्णय पर पहुंचा जाए। ज्ञात रहे कि पुलिस पहले भी विभागीय कर्मचारियों से पूछताछ कर चुकी है।
पुलिस ने सीआरपीसी की धारा 174 के तहत ही मामला दर्ज किया है। मौत को अभी संदिग्ध ही माना जा रहा है। शुक्रवार को डीएसपी रमन शर्मा एवं फारेंसिक टीम सुबह आठ बजे रवाना हुई थी। उन्हें इस दूर दराज के क्षेत्र में करीब ढाई घंटे तक पैदल चलना पड़ा। यहां बर्फ भी काफी पड़ी हुई है। यह टीम शाम छह बजे के करीब वापस लौट पाई। एसपी जगतराम ने बताया कि फारेंसिक एक्सपर्ट एवं पोस्टमार्टम की रिपोर्ट के बाद ही मौत के कारणों का खुलासा हो पाएगा। वहीं डीएफओ आरसी गोमा भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने मृतक की पत्नी को 15 हजार रुपये की राहत राशि प्रदान की है।
